चंडीगढ़। पंजाब कांग्रेस में घमासान और बढ़ गया है। अब कांग्रेस के प्रदेशाध्‍यक्ष सुनील जाखड़ और पार्टी के राज्यसभा सदस्यों प्रताप सिंह बाजवा व शमशेर सिंह दूलों के बीच जुबानी जंग शुरू हो गई है। जाखड़ ने पंजाब में जहरीली शराब मामले राज्यपाल को ज्ञापन देने को अनुशासनहीनता करार दिया है। जाखड़ ने दोनों को पार्टी से बाहर करने के लिए सोनिया गांधी से सिफारिश की तो बाजवा व दूलों ने उन पर हमला बोल दिया है। सुनील जाखड़ ने कहा 'बाजवा और दूलो जिस थाली में खाते हैं, उसी में छेद करते हैं। इन दोनों का राजनीतिक अस्तित्व सिर्फ कांग्रेस हाई कमान के रहमोकरम पर है।' इसके बाद जाखड़ पर पलटवार करते हुए दूलों ने कहा कि वे बंधुआ मजदूर नहीं हैं, वहीं बाजवा ने जाखड़ को 'अमरिंदर की परछाई' करार दिया। दोनों ने जाखड़ को हुए माफिया ग्रुप का समर्थक बताया।

पंजाब कांग्रेस के प्रमुख ने कहा कि बाजवा और दूलो की कार्यवाहियों को और बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा कि बाजवा और दूलो जैसे लोग जिनमें चुनाव का सामना करने की भी हिम्मत नहीं है, पार्टी के लिए बेमायने हैं। जाखड़ ने कहा कि पार्टी की पीठ में छुरा घोंपने वाले ऐसे सदस्यों को कोई और गंभीर नुक्सान पहुँचाने से पहले बाहर का रास्ता दिखा देना चाहिए।

जाखड़ ने कहा, बाजवा जैसे नेता जो चार सुरक्षा गार्ड के लिए अपना ईमान बेच सकते हैं, वह तो राज्य सभा में पार्टी के विरुद्ध भी जा सकते है। उन्होंने कहा, अमित शाह ने बाजवा की इस लालसा को पहचाना। इस मामले में उनकी काबिलियत साफ-साफ दिखाई देती है।

केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह की जमकर तारीफ की
सुनील जाखड़ ने गृह मंत्री अमित शाह की तारीफ की। उन्‍होंने कहा कि भले ही हमारे उनके साथ राजनीतिक मतभेद हो लेकिन मैं उनके आदमी की परखने की कला का कायल हो गया हूं। अमित शाह ने कांग्रेस के राज्य सभा सदस्य प्रताप सिंह बाजवा को चार सिक्योरिटी गार्ड अतिरिक्त देकर उनकी औकात की परख कर ली। जाखड़ ने कहा कि ऐसा तब हुआ जब केंद्र सरकार ने पूर्व प्रधानमंत्री डा. मनमोहन सिंह, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी, राहुल गांधी और यहां तक प्रियंका गांधी की बी सुरक्षा को कम कर दिया। विपक्ष के एक मात्र नेता प्रताप सिंह बाजवा की सुरक्षा को वाई श्रेणी से अपग्रेड कर जेड श्रेणी में ला दिया।
Share To:

Post A Comment:

0 comments so far,add yours